मंगलवार, 1 अक्तूबर 2019

बैंक में आपका पैसा कितना सुरक्षित है!

नियम देश में बैंकों की शुरुआत से लागू लेकिन लोगों को नहीं पता
बैंक में आपका पैसा कितना सुरक्षित है!



न्यूज डेस्क
देहरादून। बैंकों में जमा पैसे को पूरी तरह से सुरक्षित समझा जाता है। क्या वास्तव में ऐसा है! यदि बैंकों में आपका एक लाख रुपये से ज्यादा जमा है तो आपातकाल में उसके मिलने की गारंटी नहीं। यह नियम देश में बैंकों की शुरुआत के बाद से लागू है, लेकिन लोगों को पता नहीं है। 
देश में बैंकों में जमा पैसों की सुरक्षा की गारंटी डिपाजिट इंश्योरेंस एंड क्रेडिट गारंटी कार्पाेरेशन डीआईसीजीसी देता है। जमा पर गारंटी की एक सीमा है, अगर उससे ज्यादा पैसा बैंक में जमा है तो वह डूब सकता है। सरकारी या प्राइवेट बैंक, नियम सभी के लिए एक ही है।
देश की बैंकों में जमा केवल 1 लाख रुपये ही सुरक्षित होता है। इस 1 लाख रुपये में मूलधन और ब्याज शामिल होता है। अगर बैंक में मूलधन और ब्याज मिलाकर 1 लाख रुपये से ज्यादा जमा है तो आपातकाल पर केवल 1 लाख रुपये ही वापस मिलेगा, बाकी पैसा डूब जाएगा। 
अगर आपका एक ही बैंक खाता है और उसमें 1 लाख रुपये जमा है, तो यह पूरी तरह से सुरक्षित है। इसमें मूलधन कितना भी हो और ब्याज कितना भी। लेकिन क्योंकि जमा धन 1 लाख रुपये है तो यह पूरी तरह से सुरक्षित है। लेकिन अगर जमा धन 1.10 लाख रुपये है, तो बैंक के आपातकाल में आने पर केवल 1 लाख रुपये ही वापस मिलेगा और 10 हजार रुपये डूब जाएगा। अगर किसी के एक ही बैंक की कई शाखाओं में कई खाते हैं, तो भी सभी को जोड़ कर 1 लाख रुपये ही सुरक्षित माना जाएगा। 
अगर थोड़ा समझदारी दिखाएं तो इस नियम के बीच भी अपने पैसों की सुरक्षा बढ़ाई जा सकती है। इसके दो तरीके हैं। पहला तरीका है कि लोग किसी भी बैंक में खोले गए खातों में 1 लाख रुपये से ज्यादा पैसा जमा न करें। यहां पर ध्यान यह रखें कि ब्याज के साथ पैसा 1 लाख रुपये से ज्यादा न हो जाए। यानी अगर एफडी करनी है तो 90 हजार रुपये की करें, जिससे 1 साल बाद वह ब्याज के साथ भी 1 लाख रुपये की सीमा में रहे। अगर अपने नाम से ज्यादा पैसा जमा करना है तो अन्य बैंकों में अकाउंट खोल कर जमा कराएं। ऐसे में हर बैंक में 1 लाख रुपये तक की जमा की गारंटी का फायदा उठा सकते हैं।
दूसरा तरीका यह है कि परिवार में अन्य लोगों के नाम खाता खोल कर पैसा जमा करें। जैसे अपनी पत्नी के नाम पर दूसरा खाता खोल लें और इसमें पैसा जमा करके गारंटी का फायदा उठाएं। ऐसा करने से दोनों लोगों को 1-1 लाख रुपये की जमा की गारंटी का फायदा मिलेगा। 
यह नियम तब लागू होता है, जब कोई बैंक डिफाल्ट यानी दिवालिया हो जाए। हालांकि देश में सरकार और रिजर्व बैंक आरबीआई ने अभी तक ऐसा होने नहीं दिया है। ऐसा भी नहीं है कि देश में बैंक दिवालिया होने की कगार पर न आ गए हों। लेकिन आरबीआई ने तेज कार्रवाई करके इन दिवालिया होने की कगार पर आए बैंकों का दूसरे बैंकों में मर्जर करा दिया। इस प्रकार कई बैंक दिवालिया होने से बच गए और बैेक खाताधारकों का पैसा सुरक्षित बना रहा। लेकिन नियम पता होना चाहिए कि अगर कोई बैंक डिफाल्ट हो जाता है, तो उस समय खाताधारक की कानूनी स्थिति क्या है।


मालन पुल के मरम्मत का कार्य धीमी गति से होेने पर विधानसभा अध्यक्ष ने नाराजगी जतायी

 मालन पुल के मरम्मत का कार्य धीमी गति से होेने पर विधानसभा अध्यक्ष ने नाराजगी जतायी संवाददाता देहरादून। विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण न...