गुरुवार, 20 जनवरी 2022

भ्रष्टाचारी हरक की सीबीआई जांच कराए राजभवन: मोर्चा

 भ्रष्टाचारी हरक की सीबीआई जांच कराए राजभवन: मोर्चा      


 

# फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी के जरिए 107 बीघा भूमि हथियाने का मामला है लंबित             
# श्रमिकों के नाम पर करोड़ों रुपए की लूट करने का मामला है लंबित                 
# करोड़ों रुपए का अवैध साम्राज्य कैसे बना  # असंवैधानिक प्रतिनियुक्ति के माध्यम से प्रदेश को लूटने का भी है दाग          
# प्राइवेट आयुष महाविद्यालयों में अध्ययनरत छात्रों को लूटने का भी है दाग 
# वन विभाग में भी घोटाले करने का है दाग                  # करोड़ों रुपए की डील कर भ्रष्ट एमडी यूपीसीएल की नियुक्ति का दाग              
# इनके संपूर्ण कार्यकाल की होनी चाहिए सीबीआई एवं सीबीडीटी जांच            
संवाददाता
विकासनगर। जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने कहा कि हरक सिंह रावत जैसे महाभ्रष्टाचारी के संपूर्ण कार्यकाल की अगर राजभवन सीबीआई/सीबीडीटी जांच करवा दे तो इन महाशय का चुनाव लड़ना तो दूर, इनका संपूर्ण जीवन सलाखों के पीछे कटेगा।           
नेगी ने कहा कि राजस्व मंत्री रहते हुए  हरक सिंह ने सहसपुर विकासखंड के शंकरपुर में 107 बीघा जमीन फर्जी पावर ऑफ अटॉर्नी के जरिए अपने  करीबी के नाम कराने के बाद अपनी पत्नी व एक करीबी के नाम रजिस्ट्री करवाई। मोर्चा द्वारा लंबे समय तक इनके द्वारा भूमि हड़पने मामले को जोर-शोर से उठाया था, लेकिन सत्ता में पकड़ के चलते जांच परवान न चढ़ सकी।          नेगी ने कहा कि श्रम मंत्री रहते हुए हरक सिंह ने अपनी करीबी दमयंती रावत को असंवैधानिक प्रतिनियुक्ति के माध्यम से कर्मकार कल्याण बोर्ड का सचिव बनाकर करोड़ों रुपए की फर्जी खरीद कर लूट की तथा श्रमिकों को घटिया सामान थमाकर लूट डाला, जिसकी जांच भी धीमी गति से गतिमान है। इनकी  वजह से ही निजी आयुष महा विद्यालयों में अध्ययनरत छात्रों की फीस वृद्धि मामले में उच्च न्यायालय के आदेश के बावजूद भी कई वर्षों तक कोई कार्रवाई नहीं हुई, जिसका कष्ट छात्रों के परिजनों ने  झेला। नेगी ने कहा कि वन मंत्री रहते हुए भी इनके द्वारा बड़ी मात्रा में लूट- खसोट  व अनियमितताएं की गई। हाल ही में उनके द्वारा भ्रष्टाचार में लिप्त अनिल यादव को करोड़ों रुपए की डील कर एमडी यूपीसीएल बनाकर एमडी पिटकुल का भी अतिरिक्त चार्ज दिया गया है।                 
मोर्चा द्वारा इनके तमाम काले कारनामों की जांच कराए जाने हेतु कई बार राजभवन एवं सरकार से पूर्व में अनुरोध किया जा चुका है। अगर इनके समस्त क्रियाकलापों की सीबीआई/सीबीडीटी जांच हो जाए तो प्रदेश भविष्य में लुटने से बच जाएगा एवं ऐसे नेताओं को सबक भी मिलेगा।

मालन पुल के मरम्मत का कार्य धीमी गति से होेने पर विधानसभा अध्यक्ष ने नाराजगी जतायी

 मालन पुल के मरम्मत का कार्य धीमी गति से होेने पर विधानसभा अध्यक्ष ने नाराजगी जतायी संवाददाता देहरादून। विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खण्डूडी भूषण न...